लोकसभा चुनाव से पहले जारी है इस्तीफों का सिलसिला, दो बड़े नेताओं ने छोड़ी अपनी पार्टी

नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव से पहले देश की राजनीति में हलचल मची हुई है। हर तरफ से जोड़-तोड़ की राजनीति चरम पर है। इसी क्रम में दो बड़े नेताओं के अपनी पार्टी छोड़ने की जानकारी मिल रही है। दरअसल, तेलंगाना में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पोंगुलेटी सुधाकर रेड्डी ने रविवार को पार्टी से इस्तीफा दे दिया। इससे राज्य में कांग्रेस को फिर से झटका लगा है। इसके साथ ही तेलंगाना विधान परिषद के पूर्व सदस्य सुधाकर रेड्डी के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने की उम्मीद है।
कांग्रेस से निकलकर भाजपा में शामिल होने की उम्मीद
आपको बता दें कि उन्होंने परिषद के सदस्य के तौर पर कार्यकाल के समाप्त होने के दो दिन बाद यह फैसला लिया है। वहीं, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को भेजे गए इस्तीफे में उन्होंने राज्य के नेताओं के कामकाज को लेकर नाखुशी जताई है। उन्होंने पार्टी पर आरोप लगाया कि पैसे वाले नेताओं को चुनाव लड़ने के लिए टिकट दिया जा रहा है, जबकि पार्टी के मेहनती नेताओं की उपेक्षा की गई। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा राज्य में प्रचार अभियान की शुरुआत के लिए पहुंचने के कुछ घंटे पहले रेड्डी ने इस्तीफा दिया है। राज्य की सभी 17 लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में 11 अप्रैल को चुनाव होना है। खम्मम जिले के वरिष्ठ नेता के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने की संभावना है। मीडिया रिपोर्ट में यह भी दावा किया जा रहा है कि वह सोमवार को हैदराबाद में होने वाली भाजपा की रैली में पार्टी में शामिल हो सकते हैं।
ओडिशा के पूर्व मंत्री रघुनाथ मोहंती का इस्तीफा
दूसरी ओर ओडिशा के पूर्व मंत्री रघुनाथ मोहंती ने भी रविवार को बीजू जनता दल (बीजद) से इस्तीफा दे दिया। पार्टी में बतौर उपाध्यक्ष पर रहे मोहंती ने मुख्यमंत्री और बीजद अध्यक्ष नवीन पटनायक को अपना इस्तीफा सौंपा। मोहंती ने अपने त्याग पत्र में लिखा है, ‘मैं निजी कारणों से बीजद की प्राथमिक सदस्यता के साथ-साथ उपाध्यक्ष पद से भी इस्तीफा दे रहा हूं।’ हालांकि, मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि बीजद पार्टी में कुछ लोगों द्वारा रची गई साजिश के कारण अपने मूल सिद्धांतों से भटक गई है। इससे पहले मोहंती ने शनिवार को ओडिशा लिफ्ट इरिगेशन कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था।