रफाल विवाद पर मोदी सरकार का यू टर्न: अटॉर्नी जनरल अब बोले- दस्तावेज चोरी नहीं बल्कि लीक हुए

नई दिल्ली। रफाल विमान सौदे की पुनर्विचार याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के बीच नरेंद्र मोदी सरकार ने बड़ा यू-टर्न लिया है।’रफाल सौदे के चोरी दस्तावेजों’ पर अब केंद्र की ओर से अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने अपने से बयान पर पलट गए हैं। वेणुगोपाल ने अब कहा है कि रफाल के दस्तावेज चोरी नहीं हुए हैं, बल्कि लीक हुए हैं। उन्होंने ये भी कहा कि विपक्ष यह दावा कर रहा है कि मैंने सुप्रीम कोर्ट में दस्तावेजों के चोरी होने की बात कही थी। हालांकि बुधवार को ये खबर आई थी कि वेणुगोपाल ने कोर्ट में दस्तावेज चोरी की बात की है और सरकार की ओर से भी इसका खंडन नहीं किया गया था।
तीसरे दिन वेणुगोपाल बोले- मेरा वो मतलब नहीं था
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक विवाद के तीसरे दिन अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने कहा है कि रफाल सौदे से जुड़े अहम दस्तावेज रक्षा मंत्रालय से चोरी नहीं हुए हैं, बल्कि लीक हुए हैं। उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि ‘सुप्रीम कोर्ट में मैंने जो कहा था, उसका मतलब यह नहीं था कि दस्तावेज चोरी हुए हैं। दरअसल मैं यह कहना चाहता था कि याचिकाकर्ताओं ने दस्तावेजों की फोटो कॉपियों का इस्तेमाल किया था जबकि यह दस्तावेज बेहद गोपनीय थे।
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बुधवार को मीडिया में खबर आई कि अटॉर्नी जनरल ने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि 36 रफाल लड़ाकू विमानों की खरीद से संबंधित अति महत्वपूर्ण दस्तावेज रक्षा मंत्रालय से चोरी हो गए हैं। कोर्ट में पुनर्विचार याचिकाएं भी इसी आधार पर दाखिल हुई हैं, इसलिए ये खारिज होनी चाहिए। इसपर कोर्ट ने अटॉर्नी जनरल से पूछा था कि क्या रफाल से जुड़े जो दस्तावेज रक्षा मंत्रालय से चोरी हुए हैं, उनके संबंध में मंत्रालय प्रमुख हलफनामा दे सकता है? जिससे पता चले कि चोरी दस्तावजों का इस्तेमाल ही न्यूज पेपर और न्यूज एजेंसी ने किया है। इस पर वेणुगोपाल ने सहमति जता दी थी।
चोरी हुए दस्तावेजों पर राहुल ने पीएम को घेरा
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने रक्षा मंत्रालय से दस्तावेज चोरी की खबर पर सरकार को घेरा था। उन्होंने कहा कि कहा कि चोरी हुए दस्तावेज बताते हैं कि जेट की देरी और उसकी कीमत बढ़ने के लिए प्रधानमंत्री जिम्मेदार थे। सरकार अब कहती है कि वह रफाल फाइलें चोरी होने के लिए मीडिया की जांच करेगी, लेकिन जिसने (मोदी) समानांतर बातचीत की, उसकी जांच क्यों नहीं होगी।