मिशन थर्ड फ्रंट: राहुल-पवार, माया और अखिलेश से मिले चंद्रबाबू नायडू

नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव नतीजों से पहले मिशन थर्ड फ्रंट को लेकर कवायद तेज हो गई है। केंद्र में सरकार बनाने के लिए तीसरा मोर्चा सक्रिय हो गया है। शनिवार को चंद्रबाबू नायडू का दिल्ली और लखनऊ दौरा सियासी पारे को बढ़ा गया। टीडीपी के मुखिया और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू लगातार विपक्षी दलों के नेताओं से मिल रहे हैं। चंद्रबाबू नायडू ने दिल्ली में राहुल गांधी और एनसीपी चीफ शरद पवार से मुलाकात की। इससे पहले आंध्र के सीएम नायडू दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से भी मिले। सूत्रों की मानें तो चंद्रबाबू नायडू का इन नेताओं से नई सरकार के गठन पर बातचीत हुई है।
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दिल्ली के बाद चंद्रबाबू नायडू सीधे लखनऊ पहुंचे। वहां उनकी मुलाकात बसपा सुप्रीमो मायावती और समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव से हुई । नायडू और मायावती की करीब 1 घंटे तक बातचीत हुई । उसके टीडीपी प्रमुख अखिलेश यादव से मिले। सूत्रों की मानें तो इस दौरान नायडू ने दोनों नेताओं को यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी द्वारा 23 मई को दिल्ली में बुलाई गई बैठक में शामिल होने के लिए तैयार किया। हालांकि अभी तक दोनों दलों की ओर से कोई बयान नहीं आया है।
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गौरतलब है कि दिल्ली में लोकसभा चुनाव से पहले आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से मिले थे। इस दौरान दोनों नेताओं की चुनावी समीकरणों पर चर्चा हुई थी। बताया जा रहा है कि कांग्रेस गैर भाजपा दलों को एक मंच पर लाने के लिए नायडू समन्वयक की भूमिका अदा कर रहे हैं। नायडू चुनाव परिणाम से पहले विपक्ष की एक बड़ी टीम तैयार करना चाहते हैं।
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23 मई को दिल्ली में सोनिया के आवास पर बैठक
राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो लोकसभा चुनाव परिणाम से पहले देश में तीसरे मोर्चे के गठन के लिए कांग्रेस ने भी तैयारी शुरू कर दी है। सूत्रों के मुताबिक पार्टी नेताओं को संप्रग अध्यक्ष सोनिया गांधी की ओर से साफ निर्देश मिला है कि वो चुनाव परिणाम आने से पूर्व विपक्षी दलों को साथ लाने के लिए प्रयास शुरू करें। वहीं पिछले दिनों कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने इसके संकेत दिए थे। उन्होंने कहा था कि सबसे बड़ा और पुराना दल होने के बावजूद भी किसी क्षेत्रीय पार्टी को समर्थन देने से उनकी पार्टी गुरेज नहीं करेगी।