नई दिल्ली। हिमाचल प्रदेश में छह बार के कांग्रेस की ओर से विधायक रहे सिंघी राम ने पार्टी को छोड़ने का ऐलान कर दिया। शनिवार को वे मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की मौजूदगी में भाजपा में शामिल हुए। राम सिंघी रामपुर विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के करीबी थे सिंघी
बता दें कि राम को एक समय में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का बेहद खास और करीबी माना जाता था। इस बार में बात करते हुए शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज ने मीडिया से कहा, ‘किसी भी राजनीतिक दल को किसी अन्य पार्टी के नेता के शामिल होने से हमेशा फायदा होता है। हमें सिंघी राम के भाजपा में शामिल होने का फायदा जरूर मिलेगा।’
हुए हैं गिरफ्तार भी
वहीं, दलित नेता राम को 2008 में राज्य शिक्षा बोर्ड से अपनी बेटी के लिए स्कूल छोड़ने का नकली प्रमाणपत्र बनवाने के लिए गिरफ्तार किया गया था। 2007 विधानसभा चुनाव में राम की जगह रामपुर से एक अधिकारी नंदलाल को टिकट दिया गया था। नंदलाल तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के सुरक्षा अधिकारियों की टीम का हिस्सा थे। बता दें कि नंदलाल को न केवल उस चुनाव में, बल्कि उसके बाद 2012 और 2017 में लगातार दो बार और जीत हासिल हुई थी।