नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव से पहले दिल्ली की पूर्व सीएम और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शीला दीक्षित का बड़ा बयान आया है। शीला का मानना है कि आतंकवाद से निपटने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिस तरह की सख्ती बरती है, वैसी 2008 में मनमोहन सिंह ने नहीं की थी, जब केंद्र में यूपीए की सरकार थी।
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शीला ने अपनी ही सरकार पर उठाया सवाल?
एक न्यूज चैनल को दिए अपने इंटरव्यू में कांग्रेस की वरिष्ठ नेता ने ये चौंकाने वाला बयान दिया है। उसने जब 26/11 मुंबई हमले के बाद यूपीए सरकार के रुख पर सवाल पूछा गया, तो शीला दीक्षित ने कहा कि यह मानना होगा कि मनमोहन सिंह आतंकवाद से निपटने में उतने मजबूत नहीं थे, जितना कि वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं।
क्या है पूरा मामला ?
बता दें कि पुलवामा हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के बालाकोट में एयर स्ट्राइक किया। विदेश मंत्रालय ने दावा किया था कि हमले जैश-ए-मोहम्मद के ढेरों आतंकी मारे गए। कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने मारे गए आंतकियों की संख्या पर सवाल उठाया था। इसके बाद बीजेपी की ओर से कई बार कहा जा चुका है कि 2008 में मुंबई में लश्कर-ए-तैयबा के आतंकियों ने हमला किया था। इस हमले में कुल 174 लोग मारे गए थे, लेकिन उस वक्त की यूपीए सरकार के आतंकियों के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया। वहीं हमारी सरकार ने आतंकियों के घर में घुसकर उनका सफाया किया है।